प्रधानमंत्री कृषक मित्र सूर्य योजना (PM-KMSY) 2026: किसानों को 90% सब्सिडी पर सोलर पंप – जानें पूरी प्रक्रिया

प्रधानमंत्री कृषक मित्र सूर्य योजना के तहत किसान सोलर पंप के साथ

1. योजना का परिचय – क्या है प्रधानमंत्री कृषक मित्र सूर्य योजना?

प्रधानमंत्री कृषक मित्र सूर्य योजना (PM-Krishak Mitra Surya Yojana) केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी PM-KUSUM (Pradhan Mantri Kisan Urja Suraksha evam Utthaan Mahabhiyan) योजना का ही एक राज्य-स्तरीय रूप है। इस योजना को मध्य प्रदेश सरकार ने 24 जनवरी 2025 से लागू किया है और इसे मध्य प्रदेश ऊर्जा विकास निगम (MPEDC) के माध्यम से चलाया जा रहा है।

इस योजना का मुख्य उद्देश्य किसानों को सस्ती और भरोसेमंद सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराना है। योजना के तहत किसानों को सोलर पंप लगाने पर 90% तक सब्सिडी दी जा रही है, जिससे किसानों को बिजली बिल और अस्थायी कनेक्शन की झंझट से मुक्ति मिलती है।

2. योजना का उद्देश्य

उद्देश्यविवरण
डीजल पर निर्भरता कम करनाकिसानों को सोलर पंप देकर डीजल की खपत घटाना और पर्यावरण बचाना
बिजली बिल से राहतसोलर पंप से सिंचाई करने पर बिजली का कोई बिल नहीं आता
किसानों की आय बढ़ानाअतिरिक्त बिजली बेचकर किसान अतिरिक्त आय कमा सकते हैं
डिस्कॉम का नुकसान कम करनाकृषि पंपों पर होने वाले बिजली सब्सिडी के खर्चे में कमी

3. योजना के तहत क्या मिलता है?

इस योजना के तहत किसानों को सोलर पंप लगाने पर भारी सब्सिडी दी जाती है। मध्य प्रदेश सरकार के हालिया संशोधन के अनुसार:

पंप क्षमता (HP)कुल लागत (लगभग)किसान का अंशदान (10%)सरकारी सब्सिडी (90%)
2 HP₹1.5 लाख₹15,000₹1,35,000
3 HP₹2 लाख₹20,000₹1,80,000
5 HP₹3 लाख₹30,000₹2,70,000
7.5 HP₹4.1 लाख₹41,000₹3,69,000
10 HP₹5.8 लाख₹58,000₹5,22,000

सब्सिडी का बंटवारा:

  • केंद्र सरकार – 50%
  • राज्य सरकार – 40%
  • किसान का अंशदान – केवल 10%

4. योजना के मुख्य लाभ

बिजली बिल से मुक्ति – सोलर पंप लगने के बाद सिंचाई पर एक रुपया भी खर्च नहीं करना पड़ता।

डीजल की बचत – डीजल पंप की तुलना में सोलर पंप ज्यादा सस्ता और पर्यावरण-अनुकूल है।

सिंचाई का भरोसेमंद स्रोत – बिजली न होने पर भी सोलर पंप से सिंचाई जारी रहती है।

अतिरिक्त आय का अवसर – ग्रिड से जुड़े पंपों पर अतिरिक्त बिजली बेचकर किसान पैसे कमा सकते हैं।

लंबी उम्र और कम रखरखाव – सोलर पैनल 25 साल तक चलते हैं और इनका रखरखाव बहुत कम होता है।

5. पात्रता – कौन ले सकता है लाभ?

योजना का लाभ लेने के लिए किसान को निम्नलिखित शर्तें पूरी करनी होंगी:

शर्तविवरण
किसान होना अनिवार्यआवेदक किसान होना चाहिए
अस्थायी या कोई कनेक्शन नहींजिन किसानों के पास अस्थायी बिजली कनेक्शन है या जिनके पास बिजली ही नहीं है
जल स्रोत होना अनिवार्यकिसान की जमीन पर नलकूप, कुआं या कोई अन्य जल स्रोत होना चाहिए
मध्य प्रदेश के मूल निवासीफिलहाल यह योजना मध्य प्रदेश में ही लागू है

6. बढ़ी हुई क्षमता के नए नियम

मध्य प्रदेश सरकार ने नवंबर 2025 में इस योजना में बड़ा संशोधन किया है। अब किसान पहले से ज्यादा क्षमता के सोलर पंप लगवा सकते हैं:

पुराना कनेक्शननई सोलर पंप क्षमता
3 HP अस्थायी कनेक्शन5 HP सोलर पंप
5 HP अस्थायी कनेक्शन7.5 HP सोलर पंप

यानी अगर किसान के पास पहले 3 HP का अस्थायी कनेक्शन था, तो अब वह 5 HP का सोलर पंप लगवा सकता है।

7. आवेदन कैसे करें? (Step by Step)

ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया:

चरणक्या करना है
1cmsolarpump.mp.gov.in पोर्टल पर जाएं
2मोबाइल नंबर और आधार से रजिस्ट्रेशन करें
3फॉर्म में जमीन, बैंक, जल स्रोत की जानकारी भरें
4जरूरी दस्तावेज अपलोड करें
5फॉर्म सबमिट करें और प्रिंट निकाल लें

ऑफलाइन आवेदन प्रक्रिया:

  • अपने नजदीकी ग्राम पंचायत, कृषि विभाग या उर्जा विकास निगम कार्यालय में जाकर आवेदन कर सकते हैं।

जरूरी दस्तावेज:

  1. आधार कार्ड
  2. जमीन के कागजात (खसरा-खतौनी)
  3. बैंक खाता पासबुक
  4. पासपोर्ट साइज फोटो
  5. मोबाइल नंबर

8. योजना की वर्तमान स्थिति और उपलब्धियां

PM-KUSUM योजना (जिसका राज्य स्तरीय रूप PM-KMSY है) ने देशभर में अब तक:

उपलब्धिआंकड़ा
सौर क्षमता स्थापित9,466 MW
केंद्रीय सहायता₹7,089 करोड़
लाभान्वित किसानलगभग 19 लाख

मध्य प्रदेश में इस योजना के तहत किसानों को 90% सब्सिडी पर सोलर पंप दिए जा रहे हैं।

9. PM-KUSUM 2.0 – नए बदलाव (जल्द आ रहा है)

केंद्र सरकार अब PM-KUSUM 2.0 लाने की तैयारी कर रही है। नए संस्करण में शामिल होने वाले प्रमुख बदलाव:

बदलावविवरण
बैटरी स्टोरेज जोड़ा जाएगासोलर पैनल से अतिरिक्त बिजली को बैटरी में स्टोर किया जा सकेगा
2-4 घंटे की स्टोरेज क्षमतापॉवर मिनिस्ट्री 4 घंटे, MNRE 2 घंटे की क्षमता चाहता है
लक्ष्य 34.8 GWयोजना के तहत कुल 34,800 मेगावाट सौर क्षमता जोड़ने का लक्ष्य

10. जरूरी चेतावनी – स्कैम से बचें!

PIB की फैक्ट चेक यूनिट ने चेतावनी दी है कि कुछ ठग PM-KUSUM योजना के नाम पर ₹8,000 रजिस्ट्रेशन फीस मांग रहे हैं

⚠️ याद रखें:

  • इस योजना के लिए कोई रजिस्ट्रेशन फीस नहीं है
  • आवेदन पूरी तरह मुफ्त है
  • केवल सरकारी पोर्टल पर ही आवेदन करें
  • किसी भी निजी व्यक्ति या एजेंट को पैसे न दें

टोल-फ्री नंबर: 1800-180-3333

11. अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)

1. सवाल: क्या यह योजना सिर्फ मध्य प्रदेश में है?

जवाब: फिलहाल यह योजना मध्य प्रदेश में PM-KMSY नाम से लागू है। लेकिन केंद्र सरकार की PM-KUSUM योजना पूरे देश में चल रही है। अपने राज्य में लागू योजना की जानकारी के लिए राज्य के ऊर्जा विभाग से संपर्क करें।

2. सवाल: क्या बिना जल स्रोत वाले किसान आवेदन कर सकते हैं?

जवाब: नहीं। योजना का लाभ लेने के लिए किसान की जमीन पर नलकूप, कुआं या कोई अन्य जल स्रोत होना अनिवार्य है।

3. सवाल: क्या पट्टेदार किसान आवेदन कर सकते हैं?

जवाब: नहीं। केवल वही किसान आवेदन कर सकते हैं जिनके नाम पर जमीन के कागजात (खसरा-खतौनी) हों।

4. सवाल: सोलर पंप की वारंटी कितने साल की होती है?

जवाब: सोलर पैनल की वारंटी आमतौर पर 25 साल होती है। पंप और अन्य उपकरणों की वारंटी 5-10 साल होती है। यह सप्लायर पर निर्भर करता है।

5. सवाल: क्या सोलर पंप बादल या बारिश में काम करता है?

जवाब: हां, सोलर पैनल डिफ्यूज लाइट (बादलों से छनकर आने वाली रोशनी) में भी काम करते हैं, लेकिन धूप के मुकाबले उत्पादन कम हो जाता है। फिर भी सिंचाई जारी रहती है।

6. सवाल: क्या मैं अपने पुराने डीजल पंप को सोलर पंप से बदल सकता हूँ?

जवाब: हां, योजना के तहत नया सोलर पंप लगवा सकते हैं। पुराने डीजल पंप को हटाने की कोई बाध्यता नहीं है।

12. 10 महत्वपूर्ण बिंदु (Quick Recap)

  1. PM-KMSY योजना में किसानों को 90% सब्सिडी पर सोलर पंप मिलते हैं
  2. किसान का अंशदान केवल 10% है
  3. सब्सिडी का बंटवारा: केंद्र 50%, राज्य 40%, किसान 10%
  4. 2 HP से 10 HP तक के सोलर पंप योजना में शामिल हैं
  5. अब 3 HP वाले किसान 5 HP और 5 HP वाले 7.5 HP के पंप लगवा सकते हैं
  6. योजना का मुख्य उद्देश्य सस्ती सिंचाई और डीजल की बचत है
  7. आवेदन के लिए जल स्रोत होना अनिवार्य है
  8. आवेदन पूरी तरह मुफ्त है – किसी को पैसे न दें
  9. पूरे देश में अब तक 19 लाख किसान लाभान्वित
  10. अब PM-KUSUM 2.0 आ रहा है जिसमें बैट्री स्टोरेज की सुविधा होगी

13. निष्कर्ष – adivasilaw.in का उद्देश्य

प्रधानमंत्री कृषक मित्र सूर्य योजना किसानों के लिए एक बड़ा अवसर है। 90% सब्सिडी पर सोलर पंप मिलना किसानों के लिए राहत की बात है। इससे न सिर्फ सिंचाई सस्ती होगी, बल्कि डीजल और बिजली बिल से भी मुक्ति मिलेगी।

हमारी वेबसाइट adivasilaw.in का एक ही उद्देश्य है – हर किसान और आदिवासी तक सरकारी योजनाओं की सही जानकारी पहुँचाना। हमारा मिशन है कि कोई भी पात्र व्यक्ति योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे।

14. आज की कार्रवाई (Call to Action)

👉 अगर यह जानकारी आपको लगती है, तो इस पोस्ट को 10 से ज्यादा किसानों के साथ शेयर करें ताकि हर किसान इस योजना का लाभ उठा सके।

👉 कमेंट में लिखें – “जोहार” और अपने गाँव का नाम जरूर बताएँ।

👉 अधिक जानकारी के लिए आधिकारिक पोर्टल cmsolarpump.mp.gov.in पर जाएँ।


📢 जोहार जिंदाबाद! 🚀

– adivasilaw.in टीम